लगता हे की घास पीछा छोड़ेगा नहीं, 8वीं बार जेल गए लालू यादव…

सीबीआई के पीपी ने कहा कि काफी संघर्ष के बाद ये मामला अपने अंजाम तक पहुंचा है। ये संदेश गया है कि दोषी कितना भी बड़ा क्यों न हो, कानून अपना काम करता है। राष्ट्रीय जनता दल के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव की मुश्किलें बढ़ गई हैं. लालू प्रसाद यादव को चारा घोटाले से जुड़े डोरंडा कोषागार से 139 करोड़ रुपये की अवैध निकासी के मामले में कोर्ट ने दोषी करार दिया है।

चारा घोटाले से जुड़े डोरंडा कोषागार से 139 करोड़ की अवैध निकासी मामले में भी लालू यादव को दोषी करार दिए जाने के बाद आरजेडी के कैम्प में मायूसी छा गई। आरजेडी अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव को केंद्रीय जांच ब्यूरो की विशेष अदालत ने दोषी करार दिया है। सीबीआई ने इसे अपनी बड़ी उपलब्धि बताई है। मामले में कुल 36 लोगों को तीन-तीन साल की सजा हुई है। 24 आरोपी बरी भी हुए हैं। कोर्ट 21 फरवरी को सजा सुनाएगा। अप्रैल 2021 में सजा की आधी मियाद पूरी करने के बाद खराब स्वास्थ्य के आधार पर बेल मिली थी। लालू यादव करीब 49 महीने जेल में सजा काट चुके हैं।

लालू प्रसाद यादव को कोर्ट में मौजूद रहना था। इसके लिए लालू प्रसाद यादव 13 फरवरी से ही रांची पहुंच गए थे। वे स्टेट गेस्ट हाउस में डेरा जमाए थे।आरजेडी के कई नेता भी लालू के साथ रांची पहुंचे थे। उन्हें उम्मीद थी कि कोर्ट लालू के खराब स्वास्थ्य का ध्यान रखते हुए थोड़ी राहत देगा लेकिन ऐसा हुआ नहीं।

लालू प्रसाद यादव और उनके समर्थकों के लिए राहत की बात ये है कि दोषी सुनाए जाने के बाद स्वास्थ्य के लिहाज से उनको रिम्स में भर्ती कराने की इजाजत कोर्ट ने दे दी है। अब सभी की निगाहें 21 फरवरी पर टिकी हैं।15 फरवरी को 36 दोषियों को तीन-तीन साल कैद की सजा सुनाई गई।

लालू यादव पहली बार 30 जुलाई 1997 को पहली दफे जेल गए थे। 135 दिन जेल में रहने के बाद वे बाहर आ गए थे। लालू दूसरी बार 28 अक्टूबर 1998 को 73 दिन, 5 अप्रैल 2000 को तीसरी दफे 11 दिन, 28 नवंबर 2000 को आय से अधिक संपत्ति के मामले में चौथी दफे एक दिन, पांचवीं बार 26 नवंबर को 23 दिन के लिए, छठी बार 3 अक्टूबर 2014 को 70 दिन, सातवीं बार 23 दिसंबर 2017 को जेल गए थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published.